| ) | |||
![]() | |||
झरिया के विस्थापितों को मिला नया आशियाना, लक्ष्मी कॉलोनी में 50 परिवारों का पुनर्वास
झरिया ! झरिया दशकों से भू-धंसान और अग्नि प्रभावित क्षेत्र के रूप में पहचान रखने वाला झरिया एक बार फिर सकारात्मक पहल का गवाह बना है। असुरक्षित इलाकों में रहने वाले 50 विस्थापित परिवारों को अब सुरक्षित आवास उपलब्ध कराया गया है। देव प्रभा माइनिंग एंड इंफ्रा प्राइवेट लिमिटेड के सौजन्य से झरिया में ही विकसित लक्ष्मी कॉलोनी में इन परिवारों को विधिवत बसाया गया।
लक्ष्मी कॉलोनी का उद्घाटन देव प्रभा माइनिंग एंड इंफ्रा प्राइवेट लिमिटेड के निदेशक कुंभनाथ सिंह, प्रबंध निदेशक एल.बी. सिंह के पुत्र विवेक कुमार सिंह तथा लोदना एरिया के जीएम ए.के. सिन्हा ने संयुक्त रूप से फीता काटकर किया। इस अवसर पर सभी 50 विस्थापित परिवारों को उनके नए घरों के आवंटन पत्र (अलॉटमेंट लेटर) भी सौंपे गए।
झरिया देश का ऐसा क्षेत्र है जो वर्षों से भूमिगत आग और लगातार हो रहे भू-धंसान की समस्या से जूझ रहा है। कई बस्तियां रहने के लिहाज से असुरक्षित हो चुकी हैं। ऐसे में प्रभावित परिवारों को सुरक्षित स्थान पर बसाना समय की सबसे बड़ी आवश्यकता बन गई थी।
इसी उद्देश्य से देव प्रभा माइनिंग एंड इंफ्रा प्राइवेट लिमिटेड ने झरिया में ही सुरक्षित क्षेत्र में लक्ष्मी कॉलोनी का निर्माण कराया, ताकि विस्थापित परिवारों को सम्मानजनक और सुरक्षित जीवन मिल सके।
वही कुंभनाथ सिंह ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि आज झरिया के 50 विस्थापित परिवारों को सुरक्षित स्थान पर बसाया गया है। हमारा उद्देश्य सिर्फ घर देना नहीं, बल्कि लोगों को सुरक्षित जीवन देना है। भविष्य में भी यदि और परिवारों को आवश्यकता होगी तो देव प्रभा उनकी हर संभव मदद करेगा। हमारी संस्था शुरू से ही जरूरतमंदों के साथ खड़ी रही है और आगे भी समाज सेवा का यह कार्य जारी रहेगा।”
इस पहल का स्थानीय लोगों ने भी स्वागत किया। झरिया के सैकड़ों लोगों ने देव प्रभा माइनिंग एंड इंफ्रा प्राइवेट लिमिटेड के प्रबंध निदेशक एल.बी. सिंह और निदेशक कुंभनाथ सिंह के इस प्रयास की सराहना करते हुए उन्हें बधाई दी। लोगों का कहना है कि सुरक्षित आवास मिलने से विस्थापित परिवारों के जीवन में नई उम्मीद जगी है।
कार्यक्रम के दौरान लोदना एरिया के जीएम ए.के. सिन्हा, देव प्रभा के प्रबंधक निदेशक एलबी सिंह के पुत्र विवेक कुमार सिंह,क्षेत्रीय उप महा प्रबंधक प्रवेज आलम NTST प्रबंधक अजय विश्वकर्मा जयरामपुर प्रोजेक्ट ऑफिसर अनिल कुमार अलकडिहा थाना प्रभारी बालमुकुंद सिंह जोड़ा पोखर थाना प्रभारी रवि रंजन सिंह शैलेंद्र कुमार सिंह चुन्नू सिंह अमित बाउरी विकास सिंह बलवीर सिंह संबुर गोराई संजय यादव सपन पासवान सनी कुमार सहित कई गणमान्य लोग और स्थानीय नागरिक मौजूद रहे।
सभी ने इस पहल को झरिया के विस्थापितों के लिए एक महत्वपूर्ण कदम बताया।
झरिया में भू-धंसान और आग की समस्या वर्षों पुरानी है। ऐसे में विस्थापित परिवारों को सुरक्षित आवास उपलब्ध कराना केवल पुनर्वास नहीं, बल्कि उनके जीवन को नई दिशा देने की पहल है। यदि इसी तरह सरकारी और निजी संस्थाएं मिलकर आगे बढ़ती रहीं, तो आने वाले समय में और भी परिवारों को सुरक्षित जीवन का अधिकार मिल सकेगा।


